नौकरी फोकस


vol.33, 2017

होटल प्रबंधन  में रोजग़ार के अवसर

उषा अल्बुकर्क और निधि प्रसाद

 क्या आप अभिव्यक्ति में कुशल हैं और लोगों से जुडऩा पसंद करते हैं? क्या आप काम करने के घंटों में लचीलापन अपनाना चाहेंगे? क्या आप भोजन और ऐसी ही अन्य गतिविधियों के संचालन में शामिल होना पसंद करेंगे?
क्या आपने कभी किसी परिभ्रमण के दौरान अपने को सामाजिक गतिविधियों का संचालन करने के रूप में परिकल्पित किया है? या फिर आपने कभी होटलों की लग्जरी चेन और राष्ट्रीय अथवा अंतर्राष्ट्रीय रिजॉर्टों के मालिक और प्रबंधक के रूप में अपने को महसूस किया है? या फिर यह सोचा है कि आप किसी अति आधुनिक क्लब या स्पा का संचालन करें?
यदि उपरोक्त प्रश्नों के उत्तर सकारात्मक हों, तो आज के वैश्विक आवभगत उद्योग में ग्लैमरयुक्त आवभगत क्षेत्र आपका इंतजार कर रहा है. इस क्षेत्र में व्यवसाय आपकी व्यक्तिगत संतुष्टि और व्यावसायिक तौर पर उत्प्रेरक हो सकता है. यह आपको अवश्य रोमांचित करता होगा. क्या ऐसा नहीं है? वास्तव में, आपको स्वादिष्ट गर्मा-गरम भोजन परोसने वाला वेटर किसी रिजॉर्ट पर कोई द्वारपाल और कोई टूर गाइड, इन सभी का कार्य मिलता जुलता है. मूल रूप में वे सभी किसी एक या अन्य रूप में आवभगत उद्योग में काम करते हैं.
ये सभी आवभगत प्रबंधन में अलग-अलग व्यवसाय हैं. होटल प्रबंधन में विविध अनुभव किसी भी अन्य व्यवसाय से अधिक मिलते हैं, जिनके लिए विभिन्न कौशलों का समीकरण अपेक्षित है, जैसे प्रबंधन, भोजन और पेय पदार्थ परोसना, हाउसकीपिंग, फ्रंट ऑफिस संचालन, बिक्री और विपणन, लेखा विधि आदि.
आज पहले की तुलना में अधिकाधिक लोग व्यवसाय और मौज मस्ती के लिए यात्राएं करते हैं और होटल और रिजॉर्ट उन्हें केवल आरामदायक कमरे और रुचिकर भोजन प्रदान करते हैं, बल्कि कई तरह की विलासितापूर्ण सेवाएं भी देते हैं. इनमें मालिश करना और व्यक्तिगत कार्यों हेतु सेवाएं, बाहरी भोजन और पेय पदार्थ, पूरक बिजनेस सेवाएं और ऐसी ही अन्य नि:शुल्क सुविधाएं शामिल होती हैं. ऐसे में अगर आप ऐसा रोजग़ार चाहते हैं, जिसमें आप हमेशा अपने को अवकाश पर महसूस करें, तो होटल प्रबंधन से बेहतर आपके लिए कोई व्यवसाय नहीं हो सकता. यह सही है कि आप अवकाश पर नहीं होते हैं, लेकिन वह अतिथि अवकाश पर होता है, जिसे आप ये सेवाएं प्रदान करते हैं. होटल प्रबंधन में रोजग़ार का विकल्प देखने वाले विद्यार्थियों को सामाजिकता में रुचि और लोगों की जरूरतों की समझ अवश्य होनी चाहिए. होटल चूंकि सेवा उद्योग के अंतर्गत आते हैं, अत: भारत में होटल प्रबंधन पाठ्यक्रमों का लक्ष्य विद्यार्थियों को इस प्रतिस्पर्धात्मक जगत की चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार करना है. होटल प्रबंधन की शिक्षा विद्यार्थियों को होटलों, रिजॉर्टों, क्रूज़ लाइनरों, विमानों और कैसीनों तथा अन्य सेवा संगठनों में काम करने के लिए तैयार करती है.
होटल प्रबंधन क्या है?
होटल प्रबंधन में व्यवसाय आज की युवा पीढ़ी के लिए अनेक अवसरों का  द्वार खोलता है. होटल प्रबंधन में स्नातक, हाउसकीपिंग, फं्रट आफिस, भोजन तैयार करना और प्रशासन जैसे प्रबंधन कार्यों में रोजग़ार प्राप्त कर सकते हैं. इन क्षेत्रों के परिचालन के लिए यह उद्योग प्रबंधन, अंतर-वैयक्तिक कौशल, वित्तीय प्रबंधन, मानव संसाधन प्रबंधन, अभिव्यक्ति कौशल आदि में निपुणता की मांग करता है.
आवभगत क्षेत्र में काम करने के अंतर्गत यह सुनिश्चित करना होता है कि किसी सेवा केंद्र के भीतर आवास, भोजन और ड्रिंक जैसे सभी तरह के प्रचालन उपलब्ध हों. तत्संबंधी कार्यों में निम्नांकित शामिल हैं:
*सामान्य प्रचालन
*फ्रंट ऑफिस
*खाद्य और पेय पदार्थ प्रबंधन
*पर्यटन प्रबंधन
*लेखा विधि और वित्त व्यवस्था
*मानव संसाधन प्रबंधन
*विपणन और जन संपर्क
*हाउसकीपिंग
*इंजीनियरिंग/रख-रखाव विभाग
सामान्य प्रचालन: इस विभाग के प्रमुख दायित्वों में अन्य सभी विभागों का पर्यवेक्षण, समन्वय, और प्रशासन तथा समग्र वित्तीय नियंत्रण शामिल है.
फ्रंट ऑफिस: यह होटलों की सभी गतिविधियों का केंद्र होता है. इसके प्रमुख कार्यों में सूचना प्रदान करना, कमरे आरक्षित करना और चेक इन तथा चेक आउट की देखरेख करना और ग्राहकों तथा उनकी जरूरतों का ध्यान रखना शामिल है.
बिक्री और विपणन: यह एक महत्वपूर्ण विभाग है, चूंकि यह सभी प्रकार के संभावित ग्राहकों के संपर्क में रहता है.
खाद्य और पेय पदार्थ: यह विभाग आवभगत उद्योग का केंद्र है और बनाए और परोसे जाने वाले सभी तरह के भोजन के लिए जिम्मेदार है. संगठन या विक्रय केंद्र के आकार के आधार पर होटल प्रबंधन कार्य मुख्य रूप से निम्नांकित द्वारा संचालित किया जाता है:
) भोजन और पेय पदार्थ प्रबंधक एवं सहायक, जो रसोई और भोजन परोसने संबंधी केंद्रों की सभी गतिविधियों की आयोजना, प्रबंधन, संचालन और नियंत्रण करते हैं.
) शेफ जो भोजन तैयार करने और परोसने के कार्यों की देखरेख करता है तथा मेन्यू, बजट और मानकों के अनुसार भोजन तैयार करने के निर्देश देता है.
हाउसकीपिंग: जहां आवास भी प्रदान किया जाता है, हाउसकीपिंग विभाग को यह सुनिश्चित करना होता है कि सभी कमरे व्यवस्थित हों और मेहमानों की जरूरतें पूरी करते हों.
पात्रता:
विकल्प-1: किसी भी विषय में 12वीं कक्षा उत्तीर्ण की हो और होटल प्रबंधन में 3-4 वर्ष का बी.एससी/बीए या आवभगत में बीबीए (3 वर्ष) या सामान्य स्नातक के बाद होटल प्रबंधन में दो वर्ष का एम.एससी/ एमबीए/एमए पाठ्यक्रम उत्तीर्ण किया हो.
विकल्प-2: किसी भी विषय में 12वीं कक्षा उत्तीर्ण की हो और होटल प्रबंधन में 6 महीने से लेकर एक वर्ष तक की अवधि का डिप्लोमा प्राप्त किया हो अथवा होटल प्रबंधन में एक से दो वर्ष का डिप्लोमा/स्नातकोत्तर डिप्लोमा उत्तीर्ण किया हो. फूडक्राफ्ट संस्थानों और पोलिटेक्निक संस्थानों द्वारा होटल प्रबंधन कार्य, जैसे फ्रंट ऑफिस,   हाउसकीपिंग, बेकरी और कन्फेक्शनरी, एफ एंड बी आदि में प्रशिक्षु पाठ्यक्रमों, या अल्पावधि पाठ्यक्रमों का भी संचालन करते हैं.
सरकारी और मान्यता प्राप्त प्राइवेट कॉलेजों और संस्थानों में चयन एक संयुक्त प्रवेश परीक्षा के जरिए किया जाता है. यह परीक्षा हर वर्ष अप्रैल में होती है. इस परीक्षा में अंग्रेजी, तर्क योग्यता, सामान्य विज्ञान और सामान्य जानकारी से संबंधित बहु-विकल्प वाले प्रश्न पूछे जाते हैं. होटल प्रबंधन में उपलब्ध विभिन्न पाठ्यक्रम इस प्रकार हैं:
*बीएचएम - बैचलर ऑफ होटल मैनेजमेंट
*डीएचएम - होटल मैनेजमेंट में डिप्लोमा
*बीएचएमसीटी - होटल प्रबंधन और खानपान प्रौद्योगिकी में स्नातक.
*डीएचएमसीटी - होटल प्रबंधन और खानपान प्रौद्योगिकी में डिप्लोमा.
*पीजीडीएचएम - होटल प्रबंधन में स्नातकोत्तर डिप्लोमा.
*आवभगत अध्ययन में कला स्नातक.
अपेक्षित कौशल:
*उत्कृष्ट अभिव्यक्ति कौशल
*लोगों में रुचि रखना.
*बहिर्मुखी और खुशमिजाज व्यक्तित्व
*दायित्व वहन करने की योग्यता
*संचालन योग्यता
*लंबी अवधि और विषम घंटों में काम करने की क्षमता
*कठिन परिश्रम करने की क्षमता
*अनुशासन, प्रतिबद्धता और समर्पण के साथ बुद्धिमता और उत्कृष्टता
*टीम भावना
आवभगत प्रबंधन में रोजग़ार की संभावनाएं
होटल उद्योग में कुशल उम्मीदवारों के लिए रोजग़ार के व्यापक अवसर उपलब्ध हैं. वैश्वीकरण की प्रवृत्ति से इस क्षेत्र में संभावनाएं और भी बढ़ गई हैं और कंपनियां होटल प्रबंधन संस्थानों से अधिकाधिक नव-प्रशिक्षितों को रोजग़ार दे रही हैं. होटल प्रबंधन व्यवसायी निम्नांकित क्षेत्रों में काम कर सकते हैं -
*होटल और रेस्त्रां प्रबंधन
*क्रूज शिप प्रबंधन
*अस्पताल खानपान
*होटल और पर्यटन संगठन
*एयरलाइन कैटरिंग और कैबिन सेवाएं
*क्लब प्रबंधन
*फोरेस्ट लाजिज़
*गेस्ट हाउस
*स्पा, रिजॉर्ट और विलासिता परिसर
*कैटरिंग सेवाएं
*इवेंट मैनेजमेंट कंपनियां
*सरकारी स्वामित्व वाले खानपान विभागों जैसे रेलवे, सशस्त्र सेनाएं, मंत्रालयी  सम्मेलन आदि.
*भोजन, मिष्ठान भंडार, पेय पदार्थ बनाने वाले उद्योग
कार्यात्मक भूमिकाएं
*होटल के सुचारू संचालन के लिए विभिन्न विभागों के बीच समन्वय और उनका प्रबंधन
*होटल के वित्तीय मामलों और खर्चों की देखरेख करना
*होटल के रख रखाव कार्यों की देखभाल
*ग्राहकों को उच्च कोटि की सेवाएं प्रदान करने संबंधी कार्य
*स्टाफ की भर्ती, प्रशिक्षण और निगरानी
*समय समय पर होटल और उसके विभागों का मूल्यांकन करना
*समस्याओं के शीघ्र समाधान करना ताकि ग्राहकों को कोई असुविधा हो
*स्टाफ के सदस्यों के बीच सद्भाव बनाए रखना
*स्टाफ के समक्ष अनुकरणीय उदाहरण पेश करना, जो उन्हें सक्षमतापूर्वक कार्य करने के लिए प्रेरित करें
*किसी होटल का संचालन करते समय नैतिक सरोकारों का ध्यान रखना.
*ग्राहकों और स्टाफ के अन्य सदस्यों से प्राप्त फीडबैक पर कार्रवाई करना.
संभावनाएं
भारत में होटल प्रबंधन आज उन विद्यार्थियों के लिए एक संभावनाशील विकल्प के रूप में उभर रहा है, जो परंपरागत पाठ्यक्रमों की बजाए रोमांचक व्यवसाय तलाश करते हैं. आवभगत उद्योग (विदेशी और घरेलू पर्यटन द्वारा प्रेरित) में उछाल को देखते हुए प्रशिक्षित गुणवत्तापूर्ण कार्मिकों की मांग बढ़ी है.
बढ़ते वैश्वीकरण के साथ इस क्षेत्र में रोजग़ार के अवसर राष्ट्र तक ही सीमित नहीं हैं बल्कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रचालित होटल शृंखलाएं विदेश में भी रोजग़ार के अवसर मुहैया करा रही हैं.
इसके अतिरिक्त होटल प्रबंधन में रोजग़ार के अवसर प्राइवेट और सरकारी दोनों ही क्षेत्रों में उपलब्ध हैं. इस क्षेत्र में प्रस्तावित रोजग़ार केवल संतोषजनक है बल्कि अत्यधिक लाभप्रद भी है. अनेक बड़े आवभगत प्रतिष्ठान जैसे ताज, ओबराय, वेल्कमगु्रप, हिल्टन वल्र्डवाइड, हयात, मैरियट ग्रुप और साथ ही तीन एवं चार स्टार होटल शृंखलाएं, छोटे होटल, बुटीक होटल, रिजॉर्ट और अनेक प्रबंधन कंपनियां उन विद्यार्थियों को रोजग़ार के अवसर प्रदान कर रही हैं, जो आवभगत और पर्यटन प्रबंधन में रुचि रखते हैं.
इस उद्योग के लाभ/हानियां
*होटल उद्योग में काम करने से विभिन्न प्रकार के लोगों से मिलने के अवसर मिलते हैं.
*यह उद्योग आपके समग्र व्यक्तित्व के विकास में मददगार है.
*होटल प्रबंधन में डिग्री के साथ आप सिर्फ होटलों तक सीमित नहीं रहते हैं, बल्कि इवेंट मैनेजमेंट, एयरलाइन्स, यात्रा और पर्यटन तथा अन्य सेवा संगठनों में भी आपके लिए व्यापक अवसर उपलब्ध होते हैं.
*आपको घंटों तक काम करने और भौतिक किस्म का काम करने में अभिरुचि होनी चाहिए.
*यह संभव है कि जिस समय अन्य लोग आपके होटल में मौज मस्ती कर रहे हों, आपको उस समय काम करना पड़े.
परंतु अंतिम विश्लेषण में आपको विलासिता पूर्ण वातावरण में काम करने का मौका मिलता है, दिलचस्प और स्वादिष्ट भोजन के संचालन और दिलचस्प लोगों, यहां तक कि विख्यात व्यक्तियों तक के साथ काम करने के अवसर मिलते हैं. ऐसे में यदि आपकी रुचि इस क्षेत्र में है, तो होटल प्रबंधन आपको बुला रहा है
संस्थान
*इंस्टिट्यूट आफ होटल मैनेजमेंट, कैटरिंग टेक्नोलोजी एंड एप्लाइड न्यूट्रीशन, नई दिल्ली द्वारा देशभर में 22 संस्थानों में दाखिले के लिए लिखित परीक्षा आयोजित की जाती है. ये हैं - अहमदाबाद, बंगलौर, भोपाल, भुवनेश्वर, कोलकाता, चंडीगढ़, चेन्नै, गोवा, गुरदासपुर, गुवाहाटी, ग्वालियर, हैदराबाद, जयपुर, लखनऊ, मेरठ, मुम्बई, शिमला, श्रीनगर और तिरुवनंतपुरम.
 इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ होटल मैनेजमेंट (ताज होटल समूह) द्वारा संचालित, औरंगाबाद
*वेल्कम गु्रप ग्रेजुएट स्कूल आफ होटल मैनेजमेेंंट, मणिपाल, कर्नाटक
* ओबेराय सेंटर फॅार लर्निंग एंड डेवेलपमेंट, दिल्ली
*अंतर्राष्ट्रीय होटल प्रबंधन संस्थान, नई दिल्ली
*आर्मी इंस्टिट्यूट ऑफ होटल मैनेजमेंट एंड कैटरिंग टेक्नोलोजी, बंगलौर
*मेरिट-स्विस एशियन स्कूल आफ होटल मैनेजमेंट, चेन्नई
*फूड क्राफ्ट संस्थान, नई दिल्ली, मुम्बई, पुणे, चंडीगढ़, गुवाहाटी, ग्वालियर, भुवनेश्वर, बंगलौर, भोपाल, शिमला, अलीगढ़, केरल और विशाखापट्टनम
*क्राइस्ट कॉलेज बंगलौर
(ये सूचियां संकेतात्मक मात्र हैं)
(उषा अल्बुकर्क, कॅरिअर्स स्मार्ट प्राइवेट लिमिटेड, नई दिल्ली की निदेशक हैं और  निधि प्रसाद इसी संस्थान में वरिष्ठ काउंसलिंग साइकोलोजिस्ट हैं. ईमेल : careerssmartonline@gmail.com
आलेख में लेखकों ने निजी विचार व्यक्त किए हैं.)                                
चित्र: गूगल के सौजन्य से